News And Article

         

14/07/2020

वसीयत एक महत्वपूर्ण कानूनी दस्तावेज है, जिसमें वसीयत बनाने वाला व्यक्ति (वसीयतकर्ता के रूप में जाना जाता है) व्यक्ति कहता है कि उसकी मृत्यु के बाद उसकी संपत्ति कैसे हस्तान्तरित की जाएगी। वसीयत वैधता सुनिश्चित करने के लिए वसीयत को सावधानीपूर्वक निष्पादित करना महत्वपूर्ण है। इस अनुच्छेद में हम देखेंगे कि एक वसीयत के लिए...

         

14/07/2020

एक पुरानी कहावत हैः जहां चाह, वहां राह। लेकिन एक उचित प्रकार से तैयार वसीयत के अभाव में आगे की राहें कई बार न केवल अनेकों बन जाती हैं बल्कि मुस्किल भी हो सकती हैं। बिड़ला परिवार, रैनबैक्सी परिवार, अम्बानी भाईयों या अपने पड़ोस के अंकल से पूछें। वे सभी सहमत होंगे कि पूरी दुनिया...

         

07/07/2020

यह कविता "समाज के एक व्यक्ति के द्वारा  " जो  बलांगीर के निवासी हैं, के द्वारा रचित है।  भरत भूमि की पुण्य धरा परसंकट है गहराया ।गलवान में आकर चीन खड़ा हैओर सारे भारत में पड़ रही कोरोनाकी छाया ।। पर भारत धधकती ज्वाला हैइस ज्वाला में ये दोनों भस्म हो जाएंगे ।अपने बीस वीर शहीदों...

         

07/07/2020

यह कविता "नारनौलिय अग्रवाल समाज के एक व्यक्ति के द्वारा रचित है।  " बन्धु आज कुछ बात करेंबातें हम मिलकर साथ करेंआओ कुछ संकल्प करेंकुछ और नया इतिहास गढ़ें ।। तुम अग्रसेन के वंशज होअग्र हीं नहीं तुम अग्रज हो ।अग्र योद्धा तुम अग्र वीरअग्रसेन के सुत प्रवीर । कुछ करके तुम्हें दिखाना हैआगे हीं...

         

07/07/2020

यह कविता "नारनौलिय अग्रवाल समाज के एक व्यक्ति के द्वारा रचित है।" सावन का महीना आया है , क्याशंभु तीसरा नेत्र अब खोलेंगे ।सीमा पर चीन जो आकर बैठा हैभस्म उसे अब कर देंगे ।। नापाक पाक की गर्दन मरोड़पटखनी उसे हम दे देंगे ।इमरान जीनपिंग की जोड़ी कोअब नहीं हम छोड़ेंगे ।। करके धुआंधार...

         

03/05/2020

एप को प्ले स्टोर से लोड करने के लिए अपने फ़ोन के प्लेस्टोर पर जाएं और   Naurauliya  शब्द टाइप  करें। पहला एप आएगा जिसे लोड कर लें।  नीचे के वीडियो से विशेष जानकारी  ले सकते है। Video Player00:0002:43 नए परिवार का रजिस्ट्रेशन Click for new registration अपने परिवार का रजिस्ट्रेशन करने के लिए फ़ोन से  Naurauliya Agrawal  Samaj  का...

         

03/05/2020

महाराजा अग्रसेन एक पौराणिक समाजवाद के प्रर्वतक, युग पुरुष, राम राज्य के समर्थक एवं महादानी थे। वे अग्रोहा गणराज्य के महाराजा थे। पितावल्लभसेन एवं माता भगवती देवी थी ।  विवाहसमयानुसार युवावस्था में उन्हें राजा नागराज की कन्या राजकुमारी माधवी के स्वयंवर में शामिल होने का न्योता मिला। उस स्वयंवर में दूर-दूर से अनेक राजा और...

         

03/05/2020

अग्रसेन महाराज ने अपने आने वाली पिढियों के लिए 20 सिद्धान्त तय किए जो अग्रांकित हैं:-1. कृषि के क्षेत्र में अपनी उपस्थिति2. गाय व अन्य जीव जन्तुओं की रक्षा3. देश के बेहतर विकास में व्यापार के माध्यम से योगदान4.कुलदेवी महालक्ष्मीजी की आराधना के लिए धनोपार्जन5. अहिंसा का पालन6. असहाय व जरुरतमंदों की सेवा7. अपने धर्म...

         

03/05/2020

https://youtu.be/COPrTmLEttI https://youtu.be/SUV3-KxJi-4 Maharaja Agrasen Ji Aarti: अग्रसेन जी की आरती जय श्री अग्र हरे, स्वामी जय श्री अग्र हरे..! कोटि कोटि नत मस्तक, सादर नमन करें ..!! जय श्री! आश्विन शुक्ल एकं, नृप वल्लभ जय! अग्र वंश संस्थापक, नागवंश ब्याहे..!! जय श्री! केसरिया थ्वज फहरे, छात्र चवंर धारे! झांझ, नफीरी नौबत बाजत तब द्वारे ..!!...

         

03/05/2020

क्या सचमुच में राजा अग्रसेन हमारे पिता थे? हम सभी अग्र बंधुओं के बीच में एक मान्यता प्रचलित है, कि हम सभी राजा अग्रसेन की संतान हैं। और उन के 18 पुत्रों के साढ़े सत्रह गोत्रो से हमारी स्थापना हुई है । ऐसी मान्यता है, कि राजा अग्रसेन ने यज्ञ करके 18 ऋषियों के नाम...

Help-Line(हेल्पलाइन):9973159269  | 7004230135






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